Saturday, February 6, 2010

आ जा रे...................................
ओ मेरे साथी रे , ओ मेरे खिलते कमल ..
ओ मेरे हमसफ़र ......तू आ जा रे.......
बुलाये तेरे को ये मेरा दिल तू आ जा रे ...
बुलाये तेरे को ये साथी रे तू आ जा रे...
ना तड़पा तू इस दिल को तू आ जा रे...
ना होता अब इन्तजार तू आ जा रे......
ओ मेरे साथी रे , ओ मेरे खिलते कमल...
तू आ जा रे .............................
खो बैठे तेरे लिए हम सब कुछ रे......
खो बैठे हम रातों की नीदें रे  ....
तू आ जा रे ..................................
                                        ना होता अब इन्तजार...............
                                        ओ मेरे साथी रे , ओ मेरे खिलते कमल...
                                        तू आ जा रे.............................
                                        अब रहा ना जाए रे, ओ मेरे साथी रे ...........
                                        सूना-सूना लगे बिन तेरे ये जग सारा रे.
                                        ओ मेरे साथी रे......................
ना लगे अब मन बिन तेरे रे. ओ मेरे साथी रे...
तू आ जा रे .........................
बुलाये तुजको ये दिल मेरा रे.ओ मेरे साथी रे..
बुलाये तुजको ये ये धड़कन मेरी रे. ओ मेरे साथी रे....
ना तड़पा तू अब मुझको तू आ जा रे..............
ओ मेरे साथी रे........... ओ मेरे खिलते कमल ..
तू आ जा रे.................तू आ जा रे................................

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